
मऊ प्रभारी दिनेश प्रजापति
मऊ जिले में गुरुवार को अपनी जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। उन्होंने जिला कलेक्ट्रेट परिसर स्थित सिटी मजिस्ट्रेट कार्यालय के पास यूजीसी एक्ट 2026 को तत्काल लागू करने की मांग की। इस संबंध में जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति को एक ज्ञापन भी सौंपा गया। पार्टी की प्रदेश उपाध्यक्ष ममता मौर्य ने कहा कि यूजीसी एक्ट 2026 उच्च शिक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी, गुणवत्तापूर्ण और संविधान सम्मत बनाने के लिए महत्वपूर्ण है। उन्होंने आरोप लगाया कि उच्च शिक्षण संस्थानों में एससी/एसटी, ओबीसी और ईडब्ल्यूएस वर्ग के छात्रों के साथ जातीय अपमान और भेदभाव की घटनाएं होती रही हैं। इन घटनाओं को रोकने के लिए सख्त कानूनी प्रावधानों की आवश्यकता है।
ममता मौर्य ने आगे बताया कि प्रस्तावित कानून धर्म, जाति, नस्ल, लिंग या जन्म स्थान के आधार पर होने वाले भेदभाव को रोकने में मदद करेगा। इससे विश्वविद्यालयों में शैक्षणिक मानकों का एकीकरण, प्रशासनिक जवाबदेही और विद्यार्थियों के हितों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सकेगी।

प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने छात्र आत्महत्या के पूर्व में चर्चित मामलों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस कानून और एक प्रभावी निगरानी तंत्र आवश्यक है। वक्ताओं ने दावा किया कि सरकारी आंकड़ों और विभिन्न रिपोर्टों के अनुसार, पिछले वर्षों में आईआईटी, एनआईटी और केंद्रीय विश्वविद्यालयों में छात्र आत्महत्या के कई मामले सामने आए हैं।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि ये आंकड़े दर्शाते हैं कि उच्च शिक्षण संस्थानों में भेदभाव और मानसिक दबाव एक गंभीर समस्या बन चुके हैं। उन्होंने केंद्र सरकार से मांग की कि यूजीसी एक्ट 2026 को शीघ्र लागू किया जाए, ताकि उच्च शिक्षा संस्थानों में सुरक्षित और समावेशी वातावरण सुनिश्चित हो सके। जिलाध्यक्ष संजय बाबर ,जिला उपाध्यक्ष योगेंद्र यादव ,अमित मौर्य ,पुष्पा मौर्या ,रामकेश मौर्य, रमेश यादव दिनेश प्रजापति ,रमेश यादव ,दीपक यादव, इत्यादि लोग उपस्थित रहे















